होम latest News Jammu & Kashmir के डोडा में आतंकियों के साथ मुठभेड़ में 4...

Jammu & Kashmir के डोडा में आतंकियों के साथ मुठभेड़ में 4 सुरक्षाकर्मी शहीद, कश्मीर टाइगर्स ने ली जिम्मेदारी

0

जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले के एक जंगली क्षेत्र में आतंकवादियों के साथ मुठभेड़ में एक सैन्य अधिकारी समेत 4 सुरक्षाकर्मी शहीद हो गए हैं.

जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले में भारी हथियारों से लैस आतंकवादियों के साथ मुठभेड़ में गंभीर रूप से घायल हुए एक अधिकारी समेत सेना के चार जवानों की मंगलवार (16 जुलाई, 2024) को मौत हो गई. आधिकारिक सूत्रों ने यह जानकारी दी ।

अधिकारियों ने बताया कि राष्ट्रीय राइफल्स और जम्मू-कश्मीर पुलिस के विशेष अभियान समूह के जवानों ने रात करीब पौने आठ बजे देसा वन क्षेत्र के धारी गोटे उरबागी में संयुक्त घेराबंदी और तलाशी अभियान शुरू किया, जिसके बाद मुठभेड़ शुरू हुई।

उन्होंने बताया कि 20 मिनट से अधिक समय तक चली गोलीबारी में एक अधिकारी सहित चार सैन्यकर्मी और एक पुलिसकर्मी घायल हो गए. अधिकारियों ने कहा कि घायलों को अस्पताल ले जाया गया था जहां उनकी हालत गंभीर थी और अब इनमें से चार शहीद हो गए ।

भारतीय सेना ने कहा

सेना ने कहा कि अतिरिक्त सैनिकों को क्षेत्र में भेजा गया है और अंतिम जानकारी आने तक अभियान जारी था. अधिकारियों के अनुसार इलाके में आतंकवादियों की मौजूदगी की सूचना के बाद अभियान शुरू किया गया था ।

सेना की 16वीं कोर, जिसे व्हाइट नाइट कोर के नाम से भी जाना जाता है उसने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट में कहा, ”क्षेत्र में अतिरिक्त सैनिक भेजे गए हैं, अभियान जारी है.” वहीं, पुलिस के एक प्रवक्ता ने मुठभेड़ की पुष्टि की, लेकिन कहा कि और विवरण का इंतजार है ।

कठुआ में आतंकियों ने घात लगाकर किया था हमला

डोडा के गढी भगवा इलाके में 9 जुलाई की शाम शुरू हुए एनकाउंटर में सेना और आंतकियों की तरफ से लगातार फायरिंग हुई. इलाके में  2-3 आतंकियों के फंसे होने की आशंका थी. हालांकि, वे भागने में कामयाब रहे. जम्मू-कश्मीर के कठुआ जिले में 8 जुलाई को आतंकियों ने

घात लगाकर सेना के दो ट्रकों पर हमला किया था, जिसमें एक जूनियर कमीशंड ऑफिसर (JCO) समेत 5 जवान शहीद हो गए थे. दोपहर  के 3.30 बजे थे और कठुआ से करीब 123 किलोमीटर दूर लोहाई मल्हार ब्लॉक के माछेड़ी इलाके के बडनोटा में दो ट्रकों में सेना के करीब

12 जवान जा रहे थे. आतंकियों ने घात लगाकर सेना के ट्रक पर पहले ग्रेनेड फेंका, फिर फायरिंग की थी. सेना के जवान जब तक संभले और काउंटर फायरिंग  शुरू की, तब तक आतंकी जंगल में भागने में कामयाब रहे. इस हमले की जिम्मेदारी भी कश्मीर टाइगर्स ने ली थी।   इसमें 3 से 4 आतंकियों के शामिल होने की बात सामने आई थी, जो एडवांस हथियारों से लैस थे।   लोकल गाइड ने इस हमले में आतंकियों की मदद की थी।

सुरक्षा  के शामिल होने की बात सामने आई थी, जो एडवांस हथियारों से लैस थे।   लोकल गाइड ने इस हमले में आतंकियों की मदद की थी। सुरक्षा  बलों ने 6 जुलाई को कुलगाम जिले में दो अलग-अलग मुठभेड़ों में छह आतंकवादियों को मार गिराया था।   इस दौरान दो जवान शहीद हो गए ।

डोडा में 34 दिन में पांचवां एनकाउंटर

जम्मू डिवीजन के डोडा में यह एक महीने के अंदर आतंकियों के साथ मुठभेड़ की पांचवीं घटना है. इससे पहले 9 जुलाई को भी एक एनकाउंटर हुआ था. पिछले महीने 26 जून को एक आतंकी हमला हुआ था और 11-12 जून को दो हमले हुए थे. इन सभी हमलों के बाद

आतंकियों और जवानों के बीच मुठभेड़ हुई थी. पिछले महीने 11 जून को आतंकियों ने डोडा के भद्रवाह-पठानकोट मार्ग पर 4 राष्ट्रीय राइफल्स और पुलिस की जॉइंट चेकपोस्ट पर फायरिंग की थी, जिसमें सेना के 5 जवान और एक स्पेशल पुलिस ऑफिसर (SPO) घायल हो गए थे. इस हमले की जिम्मेदारी भी आतंकवादी संगठन कश्मीर टाइगर्स ने ली थी।

डोडा के कोटा टॉप में 12 जून की रात आतंकियों और सुरक्षाबलों के बीच मुठभेड़ हुई थी, जिसमें जम्मू-कश्मीर पुलिस स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) के कॉन्स्टेबल फरीद अहमद जख्मी हो गए थे।   उन्हें इलाज के लिए गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज डोडा में भर्ती कराया गया था।

डोडा  जिले के गंडोह इलाके में 26 जून की सुबह 2-3 आतंकियों के इलाके में छिपे होने की सूचना के बाद पुलिस और सेना ने सर्च ऑपरेशन लॉन्च किया था।    सुबह 9.50 बजे एनकाउंटर शुरू हुआ और सुरक्षाबलों ने 3 आतंकियों को ढेर कर दिया था. इस एनकाउंटर में जम्मू- कश्मीर पुलिस स्पेशल ऑपरेशंस ग्रुप का एक जवान घायल हुआ था ।

पिछला लेखAmritsar: हथियार सप्लाई करने वाले गिरोह के तीन सदस्य गिरफ्तार, पुलिस ने बरामद किए ये खतरनाक हथियार
अगला लेखPunjab: नगर निगम चुनावों को लेकर आई बड़ी Update, इस महीने हो सकती है Voting