चंडीगढ़, (punjabprotv) : पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान और पूर्व वित्त मंत्री मनप्रीत सिंह बादल ने एक दूसरे के खिलाफ मोर्चा खोल रख है। चाहे भगवंत मान को राजनीति में लाने वाले बादल ही थे, लेकिन अब दोनों एक-दूसरे के कट्टर राजनीतिक विरोधी हैं। इस मौके पर भगवंत मान ने मनप्रीत बादल को सबसे बड़ा नाटककार बताया है।
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा कि जब मनप्रीत बादल पर केस दर्ज हो सकता है तो समझ लीजिए कि मैं किसी को नहीं बख्शता। मान ने कहा कि बेशक वह मनप्रीत बादल के साथ राजनीति में आए थे, लेकिन मनप्रीत बादल शहीदों की धरती से शपथ लेकर कांग्रेस में चले गए और अब भाजपा में चले गए हैं, मैं आज भी उस शपथ पर कायम हूं।
ਜਦੋਂ ਮਨਪ੍ਰੀਤ ਬਾਦਲ 'ਤੇ ਪਰਚਾ ਦਰਜ਼ ਹੋ ਸਕਦਾ ਹੈ ਤਾਂ ਸਮਝੋ ਮੈਂ ਕਿਸੇ ਨੂੰ ਨਹੀਂ ਬਖ਼ਸ਼ਦਾ, ਭਗਤ ਸਿੰਘ ਦੇ ਪਿੰਡ ਦੀ ਮਿੱਟੀ ਦੀ ਸਹੁੰ ਚੁੱਕਣ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਕਾਂਗਰਸ 'ਚ ਚਲੇ ਜਾਣਾ ਤੇ ਫੇਰ ਭਾਜਪਾ 'ਚ ਜਾਣਾ ਇਸ ਤੋਂ ਵੱਡਾ ਕੋਈ ਡਰਾਮੇਬਾਜ਼ ਨਹੀਂ ਹੋ ਸਕਦਾ
ਇਹ ਮੁਗਲਾਂ ਵੇਲੇ ਉਨ੍ਹਾਂ ਨਾਲ ਸੀ ਅੰਗਰੇਜ਼ਾਂ ਵੇਲੇ ਉਨ੍ਹਾਂ ਨਾਲ ਕਾਂਗਰਸ ਸਮੇਂ… pic.twitter.com/ME4TelMrfB
— AAP Punjab (@AAPPunjab) July 31, 2023
इस मौके पर मान ने खुद को नौटंकीबाज कहे जाने के जवाब में कहा कि शहीद भगत सिंह के गांव की मिट्टी की कसम खाकर कांग्रेस में जाना और फिर बीजेपी में शामिल होना, इससे बड़ा नौटंकीबाज कोई नहीं हो सकता. मनप्रीत बादल को नाटकों के लिए ऑस्कर मिलना चाहिए।
भगवंत मान ने कहा कि मुगलों के समय में यह उनके साथ थे और अंग्रेजों के समय भी यह उनके साथ चले गए। अकाली के समय वह अकाली दल में थे, उसके बाद कांग्रेस के समय वह कांग्रेस में शामिल हुए और अब वह भाजपा में शामिल हो गए हैं। लेकिन उन्हें बताना चाहिए कि वे कब जनता के साथ थे और कब रहेंगे?
बता दें कि मनप्रीत बादल को विजिलेंस द्वारा बुलाए जाने के बाद दोनों नेताओं के बीच राजनीतिक भ्रष्टाचार बढ़ता जा रहा है। मनप्रीत बादल ने कहा भगवंत जी – नाटक आपका पेशा था और अब भी है। पंजाब के लोग आपके नाटक देख रहे हैं। इसका जवाब मुख्यमंत्री भगवंत मान ने दिया है. यह देखना दिलचस्प होगा कि आखिर यह मामला कब तक खिंचता है।












