Punjab Pro TV (PPTV News): अमृतसर में शिक्षा विभाग ने नियमों का पालन नहीं करने वाले 79 प्राइवेट स्कूलों के खिलाफ सख्त रुख अपनाया है। विभाग ने इन स्कूलों को नोटिस जारी कर 3 अगस्त तक संतोषजनक जवाब और जरूरी जानकारी उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। तय समय तक जवाब नहीं मिलने पर नियमों के तहत मान्यता रद्द करने समेत अन्य कार्रवाई की जा सकती है।
जानकारी के अनुसार, जिला अमृतसर में कुल 819 प्राइवेट स्कूलों को सरकारी पोर्टल पर अपने संस्थानों से संबंधित जरूरी जानकारी अपलोड करने के निर्देश दिए गए थे। इनमें से 740 स्कूलों ने निर्धारित समय में अपना डेटा पोर्टल पर अपलोड कर दिया, जबकि 79 स्कूलों ने अभी तक यह प्रक्रिया पूरी नहीं की है।
शिक्षा विभाग के अनुसार, सरकारी पोर्टल पर स्कूल की फीस संरचना, उपलब्ध सुविधाओं, स्टाफ और अन्य जरूरी विवरण अपलोड करना अनिवार्य किया गया है। इसका उद्देश्य प्राइवेट स्कूलों की कार्यप्रणाली में पारदर्शिता लाना और अभिभावकों की फीस से संबंधित शिकायतों का समाधान करना है।
अभिभावकों की ओर से फीस को लेकर लगातार मिल रही शिकायतों के बाद शिक्षा विभाग ने Fee Regulatory Body का गठन किया था। इस व्यवस्था के तहत प्राइवेट स्कूलों को निर्धारित नियमों के अनुसार अपनी जानकारी सार्वजनिक करनी होती है।
अमृतसर में इस Fee Regulatory Body के चेयरमैन Deputy Commissioner हैं, जबकि District Education Officer (Secondary) को सचिव की जिम्मेदारी दी गई है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि नियमों की अनदेखी करने वाले स्कूलों के खिलाफ निर्धारित प्रक्रिया के तहत कार्रवाई की जाएगी।
विभाग ने संबंधित 79 स्कूलों को निर्धारित समय सीमा के भीतर अपना पक्ष रखने और लंबित जानकारी पोर्टल पर अपडेट करने के निर्देश दिए हैं।








