दीवाली और छठ पूजा पर अपने घर पहुंचने की तैयारी कर रहे यात्रियों के सामने अब कंफर्म टिकट का संकट खड़ा हो गया है।

बिहार, उत्तर प्रदेश, बंगाल सहित अन्य राज्यों में त्योहार मनाने जाने वाले लोगों को ट्रेनों में कंफर्म टिकट नहीं मिल रहे हैं। जम्मू तवी, कटरा और ऊधमपुर से चलकर पठानकोट के रास्ते देश के विभिन्न हिस्सों में जाने वाली लंबी दूरी की कई प्रमुख ट्रेनों में 25 नवंबर तक सीटें फुल हो चुकी हैं। त्योहारों को देखते हुए कई यात्रियों ने दो महीने पहले ही एडवांस बुकिंग करवा ली थी।
हालात ये हैं कि पूजा सुपरफास्ट, जम्मू मेल, उत्तर संपर्क क्रांति, हिमगिरी सुपरफास्ट, मूरी एक्सप्रेस और अर्चना सुपरफास्ट सहित 10 के करीब ट्रेनें अगले डेढ़ महीने तक पैक हैं। ऐसे में अब अपने परिवार के साथ घर जाने की योजना बना रहे लोगों की उम्मीदें तत्काल टिकट और रेलवे की ओर से चलाई जाने वाली स्पेशल ट्रेनों पर ही टिक गई हैं।

स्टेशन से निराश होकर लौट रहे यात्री, त्योहारों पर दूर रहने का सता रहा डर

पठानकोट कैंट रेलवे स्टेशन पर रोजाना कई यात्री टिकटों की उपलब्धता का पता करने पहुंच रहे हैं, लेकिन उन्हें खाली हाथ लौटना पड़ रहा है।
यात्रियों की पीड़ा: पठानकोट कैंट स्टेशन पर टिकट बुक करवाने पहुंचे दरभंगा निवासी संदीप चौधरी, गाजीपुर जाने वाले संगीत मिश्रा, सुल्तानपुर निवासी अमित यादव और कोलकाता निवासी रोहन विश्वास ने बताया कि वे त्योहारों पर अपने परिवार के बीच पहुंचना चाहते थे।
तत्काल और स्पेशल ट्रेन का ही सहारा: बुकिंग काउंटर से निराशा हाथ लगने पर अब उनके पास तत्काल टिकट लेने या रेलवे द्वारा स्पेशल ट्रेनें चलाए जाने का इंतजार करने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा है। यदि रेलवे ने समय रहते अतिरिक्त ट्रेनें नहीं चलाईं तो उन्हें अपने घर से दूर रहकर ही त्योहार मनाने पड़ सकते हैं।

20 नवंबर के बाद सामान्य हो सकेगी स्थिति

रेलवे अधिकारियों का कहना है कि त्योहारी सीजन के दौरान रेलवे की ओर से विशेष ट्रेनें चलाई जा रही हैं और कई ट्रेनों में अतिरिक्त डिब्बे लगाकर यात्रियों को राहत पहुंचाने की कोशिश की जा रही है। अधिकारियों के मुताबिक, त्योहारी भीड़ के कारण अभी एक महीने तक ट्रेनों में सीटों की मारामारी रहेगी, हालांकि 20 नवंबर के बाद धीरे-धीरे स्थिति सामान्य हो जाएगी।
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