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कौन हैं IAS Tuhin Kanta Pandey? जो बने नए वित्त सचिव, क्या है Punjab से उनका Connection

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Tuhin Kanta Pandey ने विदेश से एमबीए की डिग्री ली है और संयुक्त राष्ट्र में भी काम कर चुके हैं।

आईएएस अधिकारी तुहिन कांत पांडे को वित्त मंत्रालय में बड़ी जिम्मेदारी मिली है. तुहिन पांडे को केंद्रीय वित्त सचिव नियुक्त किया गया है. पूर्ववर्ती वित्त सचिव के कैबिनेट सचिव बनने के बाद यह पद रिक्त हो गया था।
तुहिन पांडे ओडिशा कैडर के 1987 बैच के IAS अधिकारी हैं. वह 2019 से ही वित्त मंत्रालय में तैनात थे.  तुहिन कांत पांडे पंजाब के रहने वाले हैं और कॉलेज की पढ़ाई उन्होंने यहीं से की है।
नियुक्ति को लेकर आधिकारिक आदेश 7 सितंबर को जारी किया गया था जिसमें कहा गया है, ”कैबिनेट की नियुक्ति समिति ने  तुहिन कांता पांडे, (आईएएस  सचिव, निवेश और सार्वजनिक संपत्ति प्रबंधन विभाग, वित्त मंत्रालय) को वित्त सचिव के रूप में नियुक्त करने की मंजूरी दी है.” बता दें कि वह टी.वी. सोमनाथन का स्थान लेंगे जिन्हें पिछले महीने ही कैबिनेट सचिव नियुक्त किया गया था।
बर्मिंघम से किया है एमबीए
तुहिन कांत पांडे के पास एमबीए की डिग्री है. उन्होंने एमबीए की पढ़ाई यूनिवर्सिटी ऑफ बर्मिंघम से की है. इसके पहले उन्होंने पंजाब यूनिवर्सिटी से अर्थशास्त्र में एमए किया था।
कई अहम जिम्मेदारियों निभा चुके हैं तुहिन पांडे 
आईएएस तुहिन कांत पांडे के अब तक के करियर पर नजर डालें तो वह वित्त मंत्रालय में निवेश एवं सार्वजनिक संपत्ति प्रबंधन के सचिव रहे हैं. इस पद पर उनकी नियुक्ति 2019 में हुई थी।
इसके पहले वित्त विभाग में प्रिंसिपल सेक्रेटरी के रूप में काम कर चुके हैं. इस पद पर 2016 से 2019 के बीच कार्य़रत रहे हैं. वहीं, केंद्र में 2014 से 2016 के बीच ज्वाइंट सेक्रेटरी, प्लानिंग कमिशन में ज्वाइंट सेक्रेटरी (2009 से 2014 ), कर्मशल टैक्स डिपार्टमेंट (2008 से 2009) में कमिश्नर और ज्वाइंट सेक्रेटरी रहे हैं।
ओडिशा में भी रहे हैं कार्यरत
वहीं, वर्ष 2008 में छह महीने के लिए ओडिशा के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग में कमिश्नर और सेक्रेटरी के पद पर रहे हैं. वहीं, इसके पहले 2007-08 में ओडिशा के परिवहन विभाग में कमिश्नर और ज्वाइंट सेक्रेटरी की जिम्मेदारी निभा चुके हैं।
तुहिन कांत पांडे के पास संयुक्त राष्ट्र में भी काम करने का अनुभव है. उन्होंने 2001 से 2003 के बीच संयुक्त राष्ट्र औद्योगिक विकास संगठन में डिप्टी सचिव के पद पर भी काम किया है।
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